श्रावण से पहले बड़ा एक्शन, कांवड़ यात्रा मार्ग पर उतरे डीएम-एसपी - सुरक्षा से लेकर हर व्यवस्था की खुद की पड़ताल

30 Jul 2026

अम्बेडकरनगर। श्रावण मास और कांवड़ यात्रा शुरू होने से पहले अम्बेडकरनगर प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में नजर आया। श्रद्धालुओं की सुरक्षा और यात्रा को सुगम बनाने के लिए जिलाधिकारी ईशा प्रिया और पुलिस अधीक्षक प्राची सिंह स्वयं कांवड़ यात्रा मार्ग पर उतरीं और प्रमुख धार्मिक स्थलों व संवेदनशील स्थानों का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने सड़क, पुल, बिजली, स्वच्छता, पेयजल, बैरिकेडिंग और घाटों की सुरक्षा व्यवस्था का बारीकी से जायजा लिया तथा संबंधित विभागों को समय रहते सभी तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए।

गुरुवार को जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने तहसील टांडा क्षेत्र के टांडा-अयोध्या मार्ग स्थित मखदूम नगर में निर्माणाधीन रेलवे ऊपरगामी सेतु का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि कांवड़ियों के आवागमन को पूरी तरह सुरक्षित बनाए रखने के लिए मार्ग को समतल और बाधारहित रखना आवश्यक है।

जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता को निर्देश दिए कि मार्ग पर मौजूद कंकड़, गिट्टी और अन्य अवरोधों को तत्काल हटाकर रास्ते को सुरक्षित बनाया जाए, ताकि श्रद्धालुओं को यात्रा के दौरान किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।

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निरीक्षण के अगले चरण में अधिकारी झारखंडी महादेव मंदिर पहुंचे, जहां श्रावण मास में बड़ी संख्या में आने वाले श्रद्धालुओं और कांवड़ियों को ध्यान में रखते हुए तैयारियों की समीक्षा की गई।

जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि मंदिर परिसर और आसपास पेयजल, स्वच्छता, बैरिकेडिंग, यातायात प्रबंधन तथा अन्य मूलभूत सुविधाएं निर्धारित समय के भीतर पूरी कर ली जाएं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।

टांडा चौक घंटाघर से झारखंडी महादेव मंदिर तक पूरे कांवड़ मार्ग का पैदल निरीक्षण भी किया गया। इस दौरान अधिकारियों ने साफ-सफाई, विद्युत व्यवस्था और अन्य आवश्यक सुविधाओं का जायजा लिया।

निरीक्षण के दौरान मार्ग किनारे लटक रहे ढीले विद्युत तारों को तत्काल व्यवस्थित कराने और सभी विद्युत पोलों पर सुरक्षा पॉलिथीन लगाने के निर्देश दिए गए। प्रशासन का उद्देश्य यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की दुर्घटना की आशंका को न्यूनतम करना है।

महादेवा घाट का निरीक्षण करते हुए जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने जल सुरक्षा और स्वच्छता व्यवस्थाओं की भी समीक्षा की। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि घाट पर तीन स्तरीय बैरिकेडिंग की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। इसके साथ ही पर्याप्त संख्या में सफाई कर्मियों की तैनाती, समुचित प्रकाश व्यवस्था और अन्य सुरक्षा इंतजाम समय से पूरे किए जाएं, ताकि श्रद्धालु सुरक्षित वातावरण में पूजा-अर्चना और स्नान कर सकें।

निरीक्षण के दौरान प्रशासन ने स्पष्ट किया कि श्रावण मास और कांवड़ यात्रा के दौरान सुरक्षा, यातायात, स्वच्छता और मूलभूत सुविधाओं को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी। संबंधित विभागों को निर्देश दिए गए हैं कि सभी व्यवस्थाएं समयबद्ध ढंग से पूरी कर ली जाएं, जिससे श्रद्धालुओं को सुरक्षित और व्यवस्थित यात्रा का अनुभव मिल सके।