गणेश चतुर्थी के अवसर पर स्थापित भगवान गणेश की प्रतिमाओं का शुक्रवार को अम्बेडकरनगर में विसर्जन किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने विसर्जन यात्रा में हिस्सा लिया। ढोल-नगाड़ों, भक्ति गीतों और ‘गणपति बप्पा मोरया’ के जयकारों के बीच श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश को विदाई दी।
गणेश प्रतिमा विसर्जन के दौरान श्रद्धालु नाचते-गाते और जयकारे लगाते हुए यात्रा में शामिल हुए। विसर्जन यात्रा के दौरान जगह-जगह लोगों ने भगवान गणेश के दर्शन किए और सुख, शांति, समृद्धि तथा खुशहाली की कामना की। विसर्जन के दौरान पूरे माहौल में भक्ति गीतों और गणपति के जयकारों की गूंज सुनाई दी। श्रद्धालु भगवान गणेश की प्रतिमाओं के साथ आगे बढ़ते रहे और पूजा-अर्चना के बाद विधि-विधान से प्रतिमाओं का विसर्जन किया।
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विसर्जन यात्रा के दौरान ‘गणपति बप्पा मोरया, अगले बरस तू जल्दी आ’ के जयघोष सुनाई दिए। श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश को अगले वर्ष फिर से अपने बीच आने की कामना के साथ विदाई दी। भगवान गणेश की प्रतिमा के विसर्जन के दौरान श्रद्धालुओं में उत्साह दिखाई दिया। वहीं, बप्पा की विदाई के समय कई श्रद्धालु भावुक भी हुए।
श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश की प्रतिमाओं की पूजा-अर्चना की और इसके बाद विसर्जन किया। इस दौरान परिवार सहित लोगों ने भगवान गणेश से जीवन में सुख, शांति और समृद्धि की प्रार्थना की। विसर्जन यात्रा में शामिल श्रद्धालु गणपति के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़े। धार्मिक आयोजन के समापन के अवसर पर श्रद्धालुओं ने अगले वर्ष दोबारा भगवान गणेश की स्थापना और दर्शन की कामना भी की।
गणेश चतुर्थी के अवसर पर स्थापित प्रतिमाओं के विसर्जन के साथ श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश को विदाई दी। यात्रा में शामिल लोगों ने भक्ति गीतों के बीच नाचते-गाते हुए उत्सव में हिस्सा लिया। विसर्जन के दौरान श्रद्धालुओं के बीच धार्मिक उत्साह बना रहा। भगवान गणेश की विदाई के अवसर पर श्रद्धालुओं ने एक-दूसरे के साथ उत्सव की भावनाएं साझा कीं और बप्पा के अगले वर्ष फिर आगमन की कामना की।