अम्बेडकरनगर। उत्तर प्रदेश के अम्बेडकरनगर जिले के विकासखंड कटेहरी की ग्राम पंचायत जगदीशपुर के राजस्व ग्राम मेदीपुर में नाली की सफाई के दौरान तैनात एक सफाई कर्मचारी के साथ मारपीट किए जाने का मामला सामने आया है। सफाई कर्मचारी राजकुमार ने दो लोगों पर मारपीट करने, अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल करने और सरकारी कार्य में बाधा डालने का आरोप लगाया है।
मामले की जानकारी सामने आने के बाद सफाई कर्मचारी संगठन की ओर से कार्रवाई की मांग की गई है। संगठन ने इस संबंध में अकबरपुर कोतवाली में प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए प्रार्थना पत्र दिया है। संगठन का कहना है कि यदि दो दिनों के भीतर आरोपियों के खिलाफ उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो कर्मचारी संगठन आंदोलन को लेकर कठोर निर्णय लेने के लिए बाध्य होगा।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सफाई कर्मचारी राजकुमार मेदीपुर में नाली की सफाई के लिए तैनात थे। इसी दौरान अजय कुमार और संजय उर्फ पिंटू, दोनों निवासी मेदीपुर, पर उनके साथ मारपीट करने का आरोप लगाया गया है। पीड़ित कर्मचारी के अनुसार, दोनों आरोपियों ने उनके साथ मारपीट की और अपमानजनक शब्दों का प्रयोग किया। कर्मचारी ने यह भी आरोप लगाया कि घटना के दौरान सरकारी कार्य में बाधा डाली गई। मामले में लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच और संबंधित कानूनी प्रक्रिया के माध्यम से होनी है। उपलब्ध जानकारी में पुलिस की ओर से मामले में एफआईआर दर्ज किए जाने या आरोपों की पुष्टि किए जाने की जानकारी नहीं दी गई है।
सफाई कर्मचारी राजकुमार ने आरोप लगाया है कि घटना के दौरान उन्हें गांव में दोबारा आने पर जान से मारने की धमकी भी दी गई। कर्मचारी के अनुसार, इस घटना के बाद उन्होंने सबसे पहले कर्मचारी संगठन को मामले की जानकारी दी। घटना की जानकारी मिलने के बाद संगठन के पदाधिकारियों ने मामले को संबंधित अधिकारियों के संज्ञान में पहुंचाया। इसके बाद सहायक विकास अधिकारी पंचायत दुर्गा प्रसाद पाण्डेय को भी घटना की जानकारी दी गई।
कर्मचारी संगठन की ओर से मामले में कार्रवाई के लिए अकबरपुर कोतवाली में प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए प्रार्थना पत्र दिया गया है। जिला अध्यक्ष शिवकुमार मौर्य ने बताया कि संगठन की ओर से एफआईआर दर्ज कराने के लिए प्रार्थना पत्र दिया गया है। उनके अनुसार, कोतवाली प्रभारी ने मामले में जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया है। मामले में अब पुलिस की कार्रवाई का इंतजार है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, पुलिस की ओर से आरोपों की जांच और आगे की कार्रवाई के संबंध में विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है।
सफाई कर्मचारी संगठन ने मामले में आरोपियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की मांग की है। संगठन की ओर से कहा गया है कि यदि दो दिनों के भीतर कार्रवाई नहीं की गई, तो कर्मचारी संगठन कठोर निर्णय लेने के लिए बाध्य होगा। संगठन की यह चेतावनी मामले में आगे की कार्रवाई को लेकर है। फिलहाल उपलब्ध जानकारी में यह स्पष्ट नहीं है कि संगठन की ओर से आंदोलन का कौन सा स्वरूप अपनाया जाएगा।
एफआईआर दर्ज कराने के लिए प्रार्थना पत्र दिए जाने के दौरान सफाई कर्मचारी संगठन के कई पदाधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। इस दौरान जिला अध्यक्ष शिवकुमार मौर्य, जिला मंत्री रुद्रसेन गौतम, सोमनाथ कन्नौजिया, लालता प्रसाद, विजय कुमार, साधूराम, राजेन्द्र प्रसाद, मोहम्मद इसरार, लालजी राव, कुलदीप कुमार, राम सेवक, रामसूरत और विनोद कुमार राजभर समेत अन्य कर्मचारी मौजूद थे।