अंबेडकरनगर स्थित बीएनकेबी पीजी कॉलेज में शिक्षकों ने केंद्र सरकार की विभिन्न शिक्षा संबंधी नीतियों के विरोध में काली पट्टी बांधकर सांकेतिक प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन शिक्षक संगठनों एआईफुक्टो और फुपुक्टा के आह्वान पर महाविद्यालय के प्रशासनिक भवन के सामने आयोजित किया गया। प्रदर्शन के दौरान शिक्षकों ने उच्च शिक्षा और शिक्षकों के हितों से जुड़े विभिन्न मुद्दों को उठाते हुए अपनी मांगों के समर्थन में विरोध दर्ज कराया।
महाविद्यालय परिसर में आयोजित प्रदर्शन में शिक्षकों ने हाथों पर काली पट्टी बांधकर सांकेतिक रूप से विरोध व्यक्त किया। प्रदर्शन का उद्देश्य शिक्षक संगठनों द्वारा उठाई गई मांगों के प्रति सरकार का ध्यान आकर्षित करना बताया गया। इस दौरान महाविद्यालय शिक्षक संघ के पदाधिकारियों और बड़ी संख्या में शिक्षकों ने भाग लिया।
प्रदर्शन के दौरान शिक्षकों ने आठ सूत्रीय मांगपत्र के माध्यम से कई प्रमुख विषयों को उठाया। इनमें नई शिक्षा नीति 2020 को निरस्त करने, विकसित भारत शिक्षा अधिष्ठान विधेयक को लागू न करने तथा आठवें यूजीसी वेतन आयोग के गठन की मांग शामिल रही। इसके साथ ही पुरानी पेंशन योजना बहाल करने की भी मांग की गई।
शिक्षकों ने एम.फिल. कार्यक्रम को जारी रखने, पीएच.डी. और एम.फिल. की उपाधि पर मिलने वाली वेतनवृद्धि को बरकरार रखने की मांग भी रखी। इसके अलावा, उन्होंने नीट और सीयूईटी जैसी केंद्रीकृत प्रवेश परीक्षाओं को समाप्त करने तथा प्रोफेसर पद पर पदोन्नति से संबंधित शर्तों में बदलाव किए जाने की मांग की।
प्रदर्शन के दौरान शिक्षकों ने कहा कि उच्च शिक्षा और शिक्षकों के हितों से जुड़े मुद्दों पर उनका आंदोलन आगे भी जारी रहेगा। शिक्षक संगठनों के अनुसार, इन मांगों को लेकर 8 अगस्त को नई दिल्ली स्थित जंतर-मंतर पर विशाल धरना-प्रदर्शन प्रस्तावित है। कार्यक्रम में महाविद्यालय शिक्षक संघ के अध्यक्ष, महामंत्री सहित बड़ी संख्या में शिक्षक उपस्थित रहे। सभी ने एकजुट होकर शिक्षक संगठनों की मांगों का समर्थन किया।