अमरोहा में अवैध भ्रूण लिंग जांच केंद्र का भंडाफोड़, 13 लोगों पर मुकदमा - गिरफ्तार आरोपी थाने से जमानत पर रिहा

28 May 2026

 

अमरोहा जिले के हसनपुर क्षेत्र के गांव सतैड़ा के मझरा चक की मढ़ैया में संचालित अवैध भ्रूण लिंग जांच केंद्र का खुलासा होने के बाद पुलिस ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और उसके पति समेत 13 लोगों के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज की है। मामले में पकड़े गए आरोपितों को पुलिस ने थाने से ही जमानत पर छोड़ दिया। पुलिस का कहना है कि दर्ज धाराओं में सात वर्ष से कम सजा का प्रावधान होने के कारण उन्हें स्वजन के सुपुर्द कर दिया गया।

 

बुधवार दोपहर हरियाणा के झज्जर जिले के पीसीपीएनडीटी प्रभारी डॉ. संदीप कुमार, रोहतक के प्रभारी डॉ. विश्वजीत सिंह और डॉ. रंजीत सिंह ने अमरोहा प्रशासनिक अधिकारियों के साथ संयुक्त कार्रवाई करते हुए गांव चक की मढ़ैया स्थित आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सुधा के घर पर छापा मारा। टीम ने मौके पर एक कमरे में पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन से दो महिलाओं की जांच होते हुए पकड़ी।

 

बताया गया कि एक डमी महिला समेत दो अन्य महिलाएं भी अपनी बारी का इंतजार कर रही थीं। इसी दौरान टीम को देखकर गिरोह का कथित सरगना देवेंद्र कुमार मशीन लेकर भागने लगा, लेकिन उसे मौके पर ही पकड़ लिया गया। कार्रवाई के दौरान तीन महिलाओं के अलावा जांच करने वाले विपिन और रविंद्र को भी हिरासत में लिया गया। मौके से 1.33 लाख रुपये नकद भी बरामद किए गए।

 

अधिकारियों के अनुसार रविंद्र सिंह उर्फ पोनी इस नेटवर्क का मुख्य दलाल बताया जा रहा है। वह महिलाओं को जांच के लिए लाने और गिरोह के सदस्यों से संपर्क कराने का काम करता था। देर रात हसनपुर के चिकित्साधीक्षक डॉ. धुर्वेंद्र सिंह की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया।

 

पुलिस ने महिला ईशा और उसके पति परवीन, मोनिका और उसके पति रवि निवासी ग्राम साल्हावास, झज्जर (हरियाणा), अमित कुमारी निवासी फरसाना महक, रोहतक (हरियाणा), रविंद्र सिंह उर्फ पोनी निवासी बहादुरगढ़, झज्जर, विपिन निवासी गांव करनखाल, हसनपुर, मुख्य आरोपित देवेंद्र निवासी करनखाल, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सुधा और उनके पति अमर सिंह निवासी चक की मढ़ैया, प्रकाश निवासी पिनाना, सोनीपत तथा गौरव निवासी साल्हावास, झज्जर के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है।

 

पुलिस अधिकारियों के मुताबिक जिन धाराओं में मामला दर्ज किया गया है, उनमें सात साल से कम सजा का प्रावधान है। इसी आधार पर गिरफ्तार सभी छह आरोपितों को थाने से जमानत दे दी गई। सीओ हसनपुर पंकज कुमार त्यागी ने बताया कि चिकित्साधीक्षक की तहरीर पर 13 लोगों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पूरे मामले की जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।