अभिनेता रणवीर सिंह और निर्देशक आदित्य धर की फिल्म ‘धुरंधर-2’ के रिलीज होते ही उस पर राजनीतिक प्रतिक्रियाएं सामने आने लगी हैं। विपक्षी दलों के नेताओं ने फिल्म को लेकर सवाल उठाते हुए इसे प्रोपेगेंडा करार दिया है, जबकि बीजेपी ने इन आरोपों को खारिज किया है।
कांग्रेस नेता राशिद अल्वी ने कहा कि फिल्मों का उद्देश्य पहले मनोरंजन होता था, लेकिन अब उनका इस्तेमाल राजनीतिक संदेश देने के लिए किया जा रहा है। उन्होंने फिल्म में पाकिस्तान के चित्रण पर सवाल उठाते हुए कहा कि चीन को क्यों नहीं दिखाया गया।
एनसीपी (शरद पवार गुट) की सांसद फौजिया खान ने इसे प्रोपेगेंडा फिल्मों की श्रृंखला बताते हुए आरोप लगाया कि इससे देश का माहौल प्रभावित करने की कोशिश की जा रही है। AIMIM नेता वारिस पठान ने भी कहा कि ऐसी फिल्मों के जरिए एक समुदाय को निशाना बनाया जाता है।
कांग्रेस नेता उदित राज ने फिल्म की टाइमिंग और विषयवस्तु पर सवाल उठाते हुए कहा कि इसके पीछे राजनीतिक एजेंडा हो सकता है। वहीं हुसैन दलवई ने इसे “कला के बजाय प्रोपेगेंडा” बताया। ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने भी फिल्म की कहानी पर सवाल उठाए।
वहीं बीजेपी नेता आरपी सिंह ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि फिल्मों को लेकर राजनीति करना उचित नहीं है।
बॉक्स ऑफिस के शुरुआती आंकड़ों के अनुसार फिल्म ने पेड प्रीव्यू में 43 करोड़ और पहले दिन 55.52 करोड़ रुपये की कमाई की, जिससे कुल कलेक्शन 98.52 करोड़ रुपये (शाम 5 बजे तक) पहुंच गया। फिल्म को लेकर विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं के बीच बयानबाजी जारी है।