>देश में कुत्तों की तेजी से बढ़ती आबादी और उनके आक्रामक व्यवहार को नियंत्रित करने के लिए अब वैज्ञानिक पहल शुरू हो रही है। राजधानी लखनऊ में देश का पहला पशु जन्म नियंत्रण प्रशिक्षण केंद्र (Animal Birth Control Training Center) स्थापित किया जा रहा है। यह केंद्र नवंबर से अपना पहला सत्र शुरू करेगा।
>इस केंद्र का उद्देश्य नसबंदी की तकनीक में विशेषज्ञ तैयार करना है ताकि कुत्तों की संख्या को नियंत्रित किया जा सके और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित हो। अधिकारियों के अनुसार, प्रशिक्षण की शुरुआत फिलहाल जरहरा, कुकरैल के पास स्थित अस्थायी केंद्र से होगी और बाद में इसे नई इमारत में स्थानांतरित किया जाएगा। पहले सत्र में 15 दिन का विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा जिसमें एक बैच में 30 प्रतिभागियों को शामिल किया जाएगा। विशेषज्ञों का कहना है कि इस पहल से न केवल सड़कों पर कुत्तों की बढ़ती संख्या पर रोक लगेगी बल्कि लोगों में सुरक्षा और जागरूकता का भाव भी बढ़ेगा।