गाजियाबाद में क्राइम ब्रांच और थाना नंदग्राम पुलिस की संयुक्त टीम ने चलती कार में पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन के जरिए भ्रूण लिंग परीक्षण करने के मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों के कब्जे से पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन, अल्ट्रासाउंड किट बैग और आई-10 कार बरामद की गई है।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान कपिल कुमार (46) और गौरव (35) के रूप में हुई है। पुलिस का कहना है कि दोनों आरोपी गर्भवती महिलाओं का भ्रूण लिंग परीक्षण कराने की गतिविधि में शामिल थे। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन का इस्तेमाल चलती कार में भ्रूण लिंग परीक्षण के लिए किया।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने वह पोर्टेबल मशीन और उससे संबंधित किट बैग बरामद किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों द्वारा इस्तेमाल की जा रही आई-10 कार को भी कब्जे में लिया गया है। जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि इस गतिविधि में कितने लोग जुड़े थे और अब तक कितनी महिलाओं की इस तरह जांच की गई। मामले की जांच फिलहाल जारी है और पुलिस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की जानकारी जुटा रही है।
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में मुख्य आरोपी कपिल कुमार ने बताया कि वह तीन से चार माह की गर्भवती महिलाओं का भ्रूण लिंग परीक्षण करता था। पुलिस का दावा है कि प्रत्येक जांच के लिए 15 हजार से 25 हजार रुपये तक लिए जाते थे। हालांकि, ये सभी तथ्य पुलिस की पूछताछ में सामने आए दावों पर आधारित हैं और मामले में आगे की जांच की जा रही है। पुलिस के मुताबिक, दूसरा आरोपी गौरव ग्राहकों को उपलब्ध कराने और उन्हें मुख्य आरोपी तक पहुंचाने में सहयोग करता था। पुलिस अब ग्राहकों तक पहुंचने और इस गतिविधि से जुड़े नेटवर्क की जानकारी जुटा रही है।
पुलिस ने बताया कि दोनों आरोपी बिना वैध लाइसेंस या संबंधित डिग्री के यह गतिविधि संचालित कर रहे थे। चलती कार में पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन के जरिए जांच किए जाने की जानकारी सामने आने के बाद क्राइम ब्रांच और नंदग्राम थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने कार्रवाई की। बरामद की गई पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन और किट बैग इस मामले की जांच में महत्वपूर्ण साक्ष्य के तौर पर शामिल किए गए हैं। पुलिस बरामद सामान और आरोपियों से पूछताछ के आधार पर मामले की आगे जांच कर रही है।
पुलिस के अनुसार, पूछताछ के दौरान मुख्य आरोपी कपिल कुमार के करीब दस वर्षों से इस गतिविधि में शामिल होने की बात सामने आई है। पुलिस ने यह भी बताया कि कपिल कुमार पूर्व में गाजियाबाद और दिल्ली में गिरफ्तार हो चुका है। उसके खिलाफ पहले से कई मुकदमे दर्ज होने की जानकारी पुलिस ने दी है। अब पुलिस उसके पुराने आपराधिक मामलों और मौजूदा मामले के बीच किसी संबंध की भी जांच कर रही है। साथ ही, गतिविधि में उसके साथ जुड़े अन्य लोगों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।
पुलिस के सामने अब यह पता लगाने की चुनौती है कि चलती कार में की जा रही इस गतिविधि से कितने लोग जुड़े थे। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आरोपियों तक गर्भवती महिलाओं को कौन उपलब्ध कराता था और ग्राहकों तक पहुंचने के लिए किस माध्यम का इस्तेमाल किया जाता था।
इसके अलावा, जांच में यह भी पता लगाया जा रहा है कि आरोपियों ने कितनी महिलाओं की जांच की थी और यह गतिविधि किन स्थानों पर संचालित की जाती थी। फिलहाल पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी और बरामदगी की जानकारी दी है। नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और गतिविधि के दायरे को लेकर जांच जारी है।
यह कार्रवाई गाजियाबाद क्राइम ब्रांच और थाना नंदग्राम पुलिस की संयुक्त टीम ने की। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार करने के साथ उनके कब्जे से पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन, अल्ट्रासाउंड किट बैग और आई-10 कार बरामद की। पुलिस के अनुसार, मामले में थाना नंदग्राम में संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। दोनों आरोपियों के खिलाफ आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।