गाजियाबाद। रक्षाबंधन की पूर्व संध्या पर घर जाने वाले लोगों की भारी भीड़ के चलते दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर यातायात व्यवस्था प्रभावित हो गई। दिल्ली से मेरठ की ओर जाने वाली मुख्य लेन पर कई किलोमीटर लंबा जाम लग गया। इस दौरान सड़क पर वाहनों की लंबी कतारें दिखाई दीं और कई स्थानों पर वाहन बेहद धीमी गति से आगे बढ़ते रहे।
त्योहार के चलते दिल्ली-एनसीआर से बड़ी संख्या में लोग मेरठ और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के अन्य जिलों की ओर रवाना हो रहे हैं। इसी वजह से एक्सप्रेसवे पर सामान्य दिनों की तुलना में वाहनों का दबाव काफी बढ़ गया। जाम की स्थिति के कारण यात्रियों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में सामान्य से अधिक समय लगा।
रक्षाबंधन की पूर्व संध्या पर एक्सप्रेसवे पर अचानक बढ़े वाहनों के दबाव का असर खास तौर पर दिल्ली से मेरठ की ओर जाने वाली मुख्य लेन पर दिखाई दिया। कई किलोमीटर तक वाहनों की कतारें बनी रहीं। यातायात की रफ्तार बेहद कम होने के कारण वाहन चालकों और यात्रियों को लंबे समय तक सड़क पर रुकना पड़ा।
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जिन लोगों ने त्योहार के कारण अपने घरों की ओर यात्रा शुरू की थी, उन्हें रास्ते में अपेक्षा से अधिक समय बिताना पड़ा। कई स्थानों पर वाहन रेंग-रेंगकर आगे बढ़ते नजर आए। जाम का प्रभाव एक्सप्रेसवे से जुड़े आसपास के मार्गों पर भी पड़ने की आशंका जताई गई।
जाम की स्थिति के बीच कई एंबुलेंस के भी फंसने की सूचना सामने आई है। आपातकालीन वाहनों के यातायात में फंसने से मरीजों और उनके परिजनों की परेशानी बढ़ने की बात सामने आई। एंबुलेंस को समय पर रास्ता नहीं मिलने की स्थिति में अस्पताल पहुंचने को लेकर भी चिंता बनी रही।
त्योहारी भीड़ के दौरान आम यातायात के साथ आपातकालीन वाहनों की आवाजाही भी प्रभावित होने की सूचना सामने आने के बाद एक्सप्रेसवे पर यातायात संचालन की चुनौती और बढ़ गई।
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रक्षाबंधन के अवसर पर बड़ी संख्या में लोग दिल्ली-एनसीआर से अपने गृह जिलों की ओर रवाना होते हैं। इस दौरान मेरठ और पश्चिमी उत्तर प्रदेश की दिशा में जाने वाले मार्गों पर वाहनों की संख्या सामान्य दिनों के मुकाबले बढ़ जाती है।
इस बार भी त्योहार की पूर्व संध्या पर बड़ी संख्या में वाहन एक्सप्रेसवे पर पहुंचे। घर जाने की जल्दबाजी और बढ़ी हुई यातायात मात्रा के कारण कई स्थानों पर यातायात की गति प्रभावित हुई। इससे लंबी कतारें बन गईं और यात्रियों को जाम का सामना करना पड़ा।
जाम में फंसे यात्रियों के लिए सबसे बड़ी परेशानी यात्रा का समय बढ़ना रही। कई वाहन चालक अपने निर्धारित समय के मुकाबले काफी देर से गंतव्य की ओर बढ़ पाए। कुछ स्थानों पर यातायात की गति इतनी धीमी रही कि वाहनों को आगे बढ़ने में काफी समय लगा।
रक्षाबंधन के लिए घर जाने वाले लोगों के बीच त्योहार से पहले ही यात्रा को लेकर भारी भीड़ की आशंका थी। यात्रियों का कहना है कि इसके बावजूद कई जगह यातायात प्रबंधन चुनौतीपूर्ण नजर आया। जाम की वजह से सामान्य यात्रा समय प्रभावित हुआ और लोगों को लंबे समय तक सड़क पर रहना पड़ा
दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर लंबा जाम लगने का असर इससे जुड़े आसपास के रास्तों पर भी पड़ने की आशंका बनी हुई है। मुख्य मार्ग पर वाहनों की गति कम होने या लंबी कतारें बनने की स्थिति में वैकल्पिक और संपर्क मार्गों पर भी यातायात का दबाव बढ़ सकता है।
त्योहार के दौरान बड़ी संख्या में लोगों के एक साथ यात्रा करने के कारण एक्सप्रेसवे के साथ उससे जुड़े मार्गों पर भी यातायात व्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव बना रहता है। फिलहाल उपलब्ध जानकारी के अनुसार मुख्य समस्या दिल्ली से मेरठ की ओर जाने वाली लेन में दर्ज की गई है।
जाम की स्थिति के बीच पुलिस और यातायात विभाग की ओर से यातायात को सुचारु करने के प्रयास किए जा रहे हैं। वाहन चालकों से धैर्य बनाए रखने और यातायात नियमों का पालन करने की अपील की जा रही है।
चालकों को निर्धारित लेन में ही वाहन चलाने के लिए कहा जा रहा है, ताकि यातायात को व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाया जा सके। त्योहार के दौरान बढ़े वाहनों के दबाव के बीच यातायात व्यवस्था बनाए रखना संबंधित विभागों के लिए चुनौती बना हुआ है।
उपलब्ध जानकारी के अनुसार जाम की प्रमुख वजह रक्षाबंधन से पहले बड़ी संख्या में लोगों का दिल्ली-एनसीआर से मेरठ और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जिलों की ओर रवाना होना है। त्योहार के चलते एक्सप्रेसवे पर वाहनों की संख्या में अचानक बढ़ोतरी हुई और इसके बाद दिल्ली से मेरठ जाने वाली मुख्य लेन पर यातायात की गति कम हो गई।
वाहनों की संख्या बढ़ने के साथ ही सड़क पर लंबी कतारें बन गईं। कई स्थानों पर वाहन लगातार धीमी गति से आगे बढ़ते रहे। इसी वजह से यात्रियों को लंबे समय तक जाम का सामना करना पड़ा।