>प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में काशी ने बीते एक दशक में पर्यटन के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति दर्ज की है। धर्म, अध्यात्म, संस्कृति और इतिहास से समृद्ध इस पौराणिक नगरी ने अंतरराष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर अपनी पहचान को और सशक्त किया है।
>पर्यटन विभाग के आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2014 से सितंबर 2025 तक कुल 45 करोड़ 44 लाख 82 हजार से अधिक भारतीय और विदेशी पर्यटकों ने वाराणसी का भ्रमण किया। केवल वर्ष 2025 में ही 14 करोड़ 69 लाख 75 हजार 155 पर्यटक काशी पहुंचे। वर्ष 2014 में पर्यटकों की संख्या 54.89 लाख थी, जो 2025 तक बढ़कर 14.69 करोड़ से अधिक हो गई।
>डबल इंजन सरकार के कार्यकाल में काशी विश्वनाथ कॉरिडोर, गंगा घाटों का सौंदर्यीकरण, सारनाथ का विकास, बेहतर कनेक्टिविटी और गंगा में क्रूज़ संचालन जैसी परियोजनाओं ने पर्यटन को नई गति दी। कोविड-19 के दौरान 2020 और 2021 में गिरावट के बाद 2022 से लगातार रिकॉर्ड वृद्धि दर्ज की गई।
>उत्तर प्रदेश, एसोसिएशन, टूरिज्म वेलफेयर अध्यक्ष राहुल मेहता के अनुसार पर्यटकों की बढ़ती संख्या से स्थानीय अर्थव्यवस्था और रोजगार को मजबूती मिली है, वही कोरल होटल्स एंड रिसोर्ट के एमडी खालिद अंसारी के मुताबिक विकास के साथ पर्यटन, होटल और रियल एस्टेट सेक्टर में रोजगार की संभावनाएं बढ़ी हैं, इसके साथ ही अलकनंदा क्रूज़ लाइन के डायरेक्टर विकास मालवीय, ने कहा की विश्वस्तरीय सुविधाओं का असर रिकॉर्ड पर्यटक संख्या में दिख रहा है।