मिडिल ईस्ट में जारी तनाव को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकसभा बयान पर आम आदमी पार्टी के नेता और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सरकार की तैयारियों और संकट प्रबंधन को लेकर सवाल उठाए हैं।
आम लोगों पर पड़ रहा है। उन्होंने शेयर बाजार में गिरावट, एलपीजी आपूर्ति में कमी और रुपये के कमजोर होने का जिक्र करते हुए कहा कि इन परिस्थितियों में आम लोगों और कारोबारियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि जब वैश्विक स्तर पर युद्ध की आशंका पहले से जताई जा रही थी, तो सरकार ने पूर्व तैयारी क्यों नहीं की। वैकल्पिक आपूर्ति व्यवस्था और संकट प्रबंधन को लेकर भी उन्होंने सरकार के कदमों पर सवाल खड़े किए।
केजरीवाल ने कहा कि हर संकट की कीमत आम जनता को ही क्यों चुकानी पड़ती है। उनके अनुसार महंगाई, रोजगार और रोजमर्रा की जरूरतों पर इसका सीधा असर देखा जा रहा है।
राजनीतिक रूप से इस बयान को केंद्र सरकार की नीतियों पर विपक्ष के हमले के रूप में देखा जा रहा है, जहां वैश्विक मुद्दों के असर को लेकर सरकार और विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप जारी हैं। मिडिल ईस्ट संकट के बीच सरकार की नीतियों और तैयारी को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज होती दिखाई दे रही है।