बड़े मंगल पर लखनऊ में होगा भव्य भंडारा, सेवा के साथ पर्यावरण संरक्षण का भी संदेश

18 May 2026

 

ममता सेवा और मानवता को अपना धर्म मानकर निरंतर असहाय एवं जरूरतमंद लोगों की सेवा में समर्पित ममता चेरिटेबल ट्रस्ट विगत वर्षों की भात इस वर्ष भी ज्येष्ठ माह के तृतीया मंगलवार, १९ मई २०२६ को विशाल भंडारा एवं आध्यात्मिक चेतना समागम का भव्य आयोजन करने जा रहा है 

 

ममता चेरिटेबल ट्रस्ट के अध्यक्ष ने बताया की ये आयोजन समाज में शान्ति सद्भाव समरसता एवं राष्ट निर्माण की भावना को सशक्त करने के उपदेश से किया जा रहा है कार्यक्रम में प्रातःकाल सुंदरकांड से शुभरमभ होगा इसके साथ ही भजन संध्या कवी सम्मेलम भक्तिमय झाकियों एवं भव्य आरती का आयोजन किया जायेगा इस अवसर पर समाज के उत्कृष्ट कार्य करने वाले विभूतियों को सम्मानित किया जायेगा 

 

भंडारे की खास बात यह बताई जा रही है कि जहा इस भंडारे में प्रसाद की वैरायटी का मेन्यू ही इस आयोजन को ख़ास बना देगा जहा। स्टार्टर स्नैक्स से लेकर पूरी मील स्वीट डिश आइस क्रीम जैसी सभी डिश वाली प्रसाद भक्तों के  लिए उपलब्ध होगी वही इस आयोजन को स्वच्छ पर्यावरण के नजरिये से पूर्ण रूप से पॉलिथीन मुक्त रखा जाएगा। आयोजकों ने पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए प्लास्टिक और पॉलिथीन के उपयोग पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया है। इसके जरिए लोगों को स्वच्छता और प्रकृति संरक्षण के प्रति जागरूक करने का प्रयास भी किया जाएगा।

 

 

राजीव मिश्रा के अनुसार, आयोजन को धार्मिक परंपराओं के साथ सामाजिक जिम्मेदारी से भी जोड़ा गया है। कार्यक्रम में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए व्यापक व्यवस्थाएं की गई हैं ताकि सभी लोग श्रद्धा और व्यवस्था के साथ प्रसाद ग्रहण कर सकें। राजीव मिश्रा ने आगे कहा की इसे केवल भोजन वितरण का कार्यक्रम नहीं, बल्कि श्रद्धा, सेवा और मानवता के संगम का उत्सव बताया है। 

 

ममता चेरिटेबल ट्रस्ट का कहना है की हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी इस कार्यक्रम में सभी वर्गों के लोग बिना किसी भेदभाव के शामिल होंगे। यहां न कोई छोटा होगा और न बड़ा, न अमीर और न गरीब, बल्कि सभी लोग एक समान भाव से बजरंग बली की भक्ति और सेवा में सहभागी बनेंगे। ममता चैरिटेबल ट्रस्ट की ओर से श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे अपने परिवार और मित्रों के साथ कार्यक्रम में पहुंचकर इस धार्मिक आयोजन का हिस्सा बनें और बजरंग बली का आशीर्वाद प्राप्त करें।