लखनऊ के पारा क्षेत्र में इंस्टाग्राम पर ‘झांसी की रानी’ नाम से सक्रिय रहने वाली हिमांशी यादव उर्फ मानसी यादव को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, उसके खिलाफ हंसखेड़ा निवासी श्रीराम यादव की शिकायत पर घर में घुसकर मारपीट, लूट और सोशल मीडिया पर कथित आपत्तिजनक पोस्ट से जुड़ा मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस ने हिमांशी यादव को रविवार को उसके घर से गिरफ्तार किया।
पुलिस के अनुसार, शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया था कि पुरानी काशीराम कॉलोनी हंसखेड़ा में रहने वाली हिमांशी यादव और उसके पति विनोद यादव उसके घर में घुस आए। आरोप है कि दोनों ने गाली-गलौज और मारपीट की। शिकायत में यह भी कहा गया कि इसी दौरान शिकायतकर्ता की पत्नी की सोने की चेन और नकदी ले ली गई।
पुलिस के मुताबिक, श्रीराम यादव ने 11 सितंबर को पारा थाने में इस संबंध में तहरीर दी थी। शिकायत के आधार पर मुकदमा अपराध संख्या 642/2026 दर्ज किया गया। इसमें बीएनएस की धाराएं 333, 352, 115(2), 351(3), 309(4) और 356(2) लगाई गईं। शिकायत में घर में घुसने, मारपीट और लूट के आरोपों के साथ सोशल मीडिया पर की जा रही पोस्ट और टिप्पणियों का भी उल्लेख किया गया। पुलिस के अनुसार, शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि घटना के बाद इंस्टाग्राम पर उसके और उसकी पत्नी के खिलाफ लगातार अभद्र टिप्पणियां और पोस्ट की जा रही थीं। पुलिस ने मुकदमा दर्ज करने के बाद आरोपी महिला की तलाश शुरू की। रविवार को करीब 11:30 बजे पुलिस टीम ने हिमांशी यादव को उसके घर से गिरफ्तार किया।
यह खबर भी पढ़े - पारिवारिक विवाद में निकला चाकू, सास को बचाने पहुंची बहू पर भी हमला
ताजा मामले में सोशल मीडिया गतिविधियों को लेकर भी आरोप लगाए गए हैं। शिकायतकर्ता के मुताबिक, घटना के बाद इंस्टाग्राम पर उसके और उसकी पत्नी के संबंध में कथित तौर पर अभद्र टिप्पणियां और पोस्ट किए गए। पुलिस के अनुसार, हिमांशी यादव इंस्टाग्राम पर ‘झांसी की रानी’ नाम से सक्रिय थी। शिकायत में पुलिस, पत्रकारों और अन्य लोगों के संबंध में भी कथित अभद्र टिप्पणियों का आरोप लगाया गया है। पुलिस ने ताजा मामले में लगाए गए आरोपों के आधार पर कार्रवाई शुरू की है। सोशल मीडिया पर की गई पोस्ट और टिप्पणियों को भी मामले की शिकायत का हिस्सा बताया गया है।
पारा पुलिस के मुताबिक, हिमांशी यादव के खिलाफ वर्ष 2020 से 2026 के बीच कुल 15 मुकदमे दर्ज बताए गए हैं। पुलिस रिकॉर्ड में इन मामलों में मारपीट, धमकी, रंगदारी, लूटपाट, सरकारी काम में बाधा और आईटी एक्ट से जुड़े मामले शामिल बताए गए हैं। पुलिस के अनुसार, वर्ष 2020 में उसके खिलाफ एक मुकदमा दर्ज हुआ था। इसके बाद 2024 में एक, 2025 में पांच और 2026 में आठ मुकदमे दर्ज बताए गए हैं। इस तरह पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, 2026 तक उसके खिलाफ दर्ज मुकदमों की संख्या 15 हो गई है। इन मामलों में अलग-अलग धाराओं के साथ आईटी एक्ट की धाराएं भी शामिल होने की बात पुलिस ने कही है।
पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, वर्ष 2025 और 2026 में हिमांशी यादव के खिलाफ पारा थाने में कई मुकदमे दर्ज हुए। इनमें अलग-अलग तरह के आरोप शामिल हैं। पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, पुराने मामलों में मारपीट और धमकी के अलावा कथित लूटपाट, रंगदारी, सरकारी काम में बाधा और आईटी एक्ट से संबंधित धाराएं भी दर्ज हैं। ताजा मुकदमा अपराध संख्या 642/2026 अब इसी रिकॉर्ड में शामिल हो गया है। इस मामले में पुलिस ने गिरफ्तारी की कार्रवाई की है।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तारी के बाद हिमांशी यादव से पूछताछ की गई। पुलिस का कहना है कि पूछताछ में उसने शिकायतकर्ता और उसकी पत्नी के घर में जबरन प्रवेश करने, इंस्टाग्राम पर आपत्तिजनक पोस्ट डालने और मौके पर लड़ाई-झगड़ा होने की बात स्वीकार की। हालांकि, घर से सोने की चेन और नकदी ले जाने का आरोप शिकायतकर्ता की ओर से लगाया गया है। मामले में पुलिस दर्ज मुकदमे में शामिल आरोपों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।
हिमांशी यादव सोशल मीडिया मंच इंस्टाग्राम पर ‘झांसी की रानी’ नाम से सक्रिय होने के कारण स्थानीय स्तर पर चर्चा में रही है। पुलिस के मुताबिक, उसके सोशल मीडिया इस्तेमाल को लेकर पहले भी शिकायतों और मामलों का रिकॉर्ड है। ताजा मामले में भी इंस्टाग्राम पर पोस्ट और टिप्पणियों को लेकर शिकायत दर्ज कराई गई है। पुलिस रिकॉर्ड में उसके खिलाफ दर्ज पुराने मामलों में आईटी एक्ट से जुड़ी धाराएं शामिल होने की बात भी सामने आई है।
पारा पुलिस के अनुसार, आरोपी महिला को उसके घर से गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने मामले में नियमानुसार विधिक कार्रवाई शुरू की है। पुलिस ने बताया कि ताजा मुकदमे में घर में प्रवेश, मारपीट, लूट और सोशल मीडिया गतिविधियों से संबंधित शिकायतों की जांच की जा रही है। मामले में दर्ज धाराओं के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस के मुताबिक, हिमांशी यादव की गिरफ्तारी करने वाली टीम में प्रभारी निरीक्षक पारा सुरेश सिंह, उपनिरीक्षक मुन्ना लाल, मनीष कुमार सिंह, अतृष्णा यादव और केशव कुमार शुक्ला शामिल रहे। टीम में हेड कांस्टेबल दिनेश यादव, कांस्टेबल राजकुमार तथा महिला कांस्टेबल बीतू रानी और रवीना भी शामिल रहीं।