उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के चिनहट थाना क्षेत्र में स्थित बड़ा भरवारा क्रॉसिंग के पास एक श्मशान घाट में अंतिम संस्कार के दौरान विवाद की घटना सामने आई है। आरोप है कि 16 वर्षीय किशोरी के अंतिम संस्कार के समय कुछ लोगों ने चिता पर पानी डाल दिया, जिससे अंतिम क्रिया बाधित हुई। घटना के बाद परिजनों और स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिली।
क्या है पूरा मामला
जानकारी के अनुसार, चिनहट क्षेत्र के बड़ा भरवारा श्मशान घाट में एक किशोरी का अंतिम संस्कार किया जा रहा था। इसी दौरान कथित रूप से कुछ लोगों ने वहां पहुंचकर आपत्ति जताई और चिता पर पानी डाल दिया। आरोप है कि इससे अंतिम संस्कार की प्रक्रिया प्रभावित हुई। घटना की जानकारी फैलने के बाद स्थानीय लोग भी मौके पर पहुंच गए। लोगों ने इस घटना को लेकर नाराजगी जताई और प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग की।
स्थानीय लोगों का कहना है कि श्मशान घाट के समीप एक मकान का निर्माण कार्य चल रहा है। आरोप है कि निर्माण कार्य से जुड़े कुछ लोगों ने अंतिम संस्कार को लेकर आपत्ति जताई थी। हालांकि, मामले में संबंधित पक्ष की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। घटना को लेकर स्थानीय स्तर पर चर्चा और विरोध जारी है।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि बड़ा भरवारा स्थित इस श्मशान घाट का उपयोग लंबे समय से अंतिम संस्कार के लिए किया जाता रहा है। लोगों ने सवाल उठाया कि यदि श्मशान घाट पहले से मौजूद था तो आसपास जमीन खरीदते या निर्माण शुरू करते समय इसकी जानकारी क्यों नहीं ली गई। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने प्रशासन और राज्य सरकार से मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। लोगों का कहना है कि श्मशान घाट जैसी सार्वजनिक और संवेदनशील जगहों की सुरक्षा सुनिश्चित की जानी चाहिए।
क्षेत्रीय पार्षद ने जताया विरोध: मौके पर पहुंचीं क्षेत्रीय सभासद ममता रावत ने भी घटना का विरोध किया। उन्होंने कहा कि श्मशान घाट की भूमि और व्यवस्था की सुरक्षा के लिए हर संभव प्रयास किया जाएगा। साथ ही मामले में उचित कार्रवाई की मांग भी उठाई गई। घटना के बाद पीड़ित परिवार गहरे सदमे में है। किशोरी की मां ने प्रशासन और मीडिया के माध्यम से न्याय की मांग की है। उन्होंने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की अपील की है।