उत्तर प्रदेश की महिला स्वास्थ्य कर्मियों ने अपने गृह जनपद में तबादले की मांग को लेकर लखनऊ में उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक के आवास का घेराव किया। प्रदर्शनकारी महिलाओं का कहना है कि वे पिछले तीन वर्षों से अपनी एकमात्र मांग को लेकर लगातार प्रयास कर रही हैं, लेकिन अब तक उनकी समस्या का समाधान नहीं हो सका है। प्रदर्शन के दौरान महिला स्वास्थ्य कर्मियों ने उपमुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपकर गृह जनपद में स्थानांतरण की मांग दोहराई। उन्होंने अपनी समस्याओं से अवगत कराते हुए जल्द कार्रवाई की अपील की।
प्रदर्शन में शामिल महिला स्वास्थ्य कर्मियों ने बताया कि वे लंबे समय से अपने गृह जनपद में तैनाती की मांग कर रही हैं। उनका कहना है कि दूरदराज जिलों में तैनाती के कारण उन्हें पारिवारिक और सामाजिक स्तर पर कई चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। महिलाओं का कहना है कि बार-बार संबंधित अधिकारियों और सरकार के समक्ष अपनी बात रखने के बावजूद अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है।
प्रदर्शन के दौरान महिला स्वास्थ्य कर्मियों का प्रतिनिधिमंडल उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक से मिला। इस दौरान उन्होंने अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा और गृह जनपद में तबादले की प्रक्रिया शुरू करने की मांग की। स्वास्थ्य कर्मियों के अनुसार, उपमुख्यमंत्री ने उनकी बात सुनी और उनकी मांग पर सकारात्मक विचार करने का आश्वासन दिया।
प्रदर्शन में शामिल कुछ महिला स्वास्थ्य कर्मियों ने बताया कि कई कर्मचारी दिव्यांग हैं और उन्हें वर्तमान तैनाती स्थल तक आने-जाने में गंभीर कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि गृह जनपद से दूर तैनाती के कारण स्वास्थ्य, पारिवारिक जिम्मेदारियों और आवागमन से जुड़ी समस्याएं बढ़ रही हैं।
उपमुख्यमंत्री आवास के बाहर हुए प्रदर्शन के दौरान पुलिस बल भी तैनात रहा। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित किया। जानकारी के अनुसार, कुछ प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेकर ईको गार्डन भेजा गया, जहां उन्हें निर्धारित स्थान पर प्रदर्शन करने के लिए ले जाया गया।