नीट परीक्षा से पहले अंबेडकरनगर में हाई अलर्ट, 11 केंद्रों पर तीन जोनल मजिस्ट्रेट करेंगे निगरानी

19 Jun 2026

 

.राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी की ओर से 21 जून को आयोजित होने वाली नीट यूजी 2026 परीक्षा को लेकर अंबेडकरनगर प्रशासन अलर्ट मोड में है। जिले के 11 परीक्षा केंद्रों पर कुल 5088 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल होंगे। परीक्षा के शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और पारदर्शी आयोजन को सुनिश्चित करने के लिए तीन जोनल मजिस्ट्रेट समेत प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों की तैनाती की गई है।

 

इस संबंध में जिलाधिकारी ईशा प्रिया की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व ज्योत्सना बंधु, मुख्य चिकित्सा अधिकारी, पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारी, केंद्राध्यक्ष तथा ड्यूटी मजिस्ट्रेट मौजूद रहे। बैठक में सुरक्षा व्यवस्था, यातायात प्रबंधन, परीक्षा केंद्रों पर उपलब्ध सुविधाओं और अधिकारियों की जिम्मेदारियों की समीक्षा की गई।

 

प्रशासन के अनुसार नीट यूजी 2026 परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5:15 बजे तक आयोजित होगी। वहीं दिव्यांग अभ्यर्थियों को अतिरिक्त समय प्रदान किया जाएगा और उनकी परीक्षा शाम 6:20 बजे तक चलेगी। अभ्यर्थियों का प्रवेश, पंजीकरण और बायोमेट्रिक सत्यापन सुबह 11 बजे से शुरू किया जाएगा। निर्धारित समय के बाद किसी भी अभ्यर्थी को प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी।

 

परीक्षा की शुचिता बनाए रखने और कानून-व्यवस्था को मजबूत रखने के लिए प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर ड्यूटी मजिस्ट्रेट, केंद्राध्यक्ष और पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की गई है। इसके अलावा तीन जोनल मजिस्ट्रेट भी पूरे परीक्षा आयोजन की निगरानी करेंगे। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की नकल, अव्यवस्था या अनुचित गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

 

जिलाधिकारी ईशा प्रिया ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि परीक्षार्थियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। इसके लिए सभी परीक्षा केंद्रों पर पेयजल, विद्युत आपूर्ति, शौचालय, सीसीटीवी, चिकित्सा सुविधा और यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने अधिकारियों से संवेदनशीलता के साथ कार्य करने और अभ्यर्थियों तथा उनके अभिभावकों को आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराने को भी कहा।

 

 

जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि परीक्षा का आयोजन पूरी पारदर्शिता, सुरक्षा और व्यवस्थित तरीके से सुनिश्चित किया जाए, ताकि किसी प्रकार की अव्यवस्था की स्थिति उत्पन्न न हो।