प्रयागराज में 26 बीघा अवैध प्लॉटिंग पर चला PDA का बुलडोजर, अतीक अहमद के करीबी का कार्यालय भी ध्वस्त

03 Oct 2026

प्रयागराज में जमीन के कारोबार और अवैध कॉलोनियों के निर्माण को लेकर विकास प्राधिकरण की प्रवर्तन टीम ने एक साथ कई इलाकों में कार्रवाई की। शहर के बाहरी क्षेत्रों में विकसित की जा रही कुछ कॉलोनियों पर बुलडोजर चलने से जमीन के कारोबार से जुड़े लोगों में हलचल रही। कार्रवाई के दौरान एक ऐसे रियल एस्टेट कार्यालय को भी निशाना बनाया गया, जिसका संबंध माफिया अतीक अहमद के करीबी खालिद जफर से बताया गया है।

प्रयागराज विकास प्राधिकरण (पीडीए) ने शुक्रवार को जोन-झलवा और पीपलगांव क्षेत्र में अवैध प्लॉटिंग के खिलाफ अभियान चलाया। इस दौरान करीब 26 बीघा भूमि पर विकसित की जा रही अवैध कॉलोनियों को ध्वस्त कराया गया। कार्रवाई में जमीन पर बनाई गई सड़कें, प्लॉट और कॉलोनी विकसित करने के लिए किए गए अन्य निर्माण शामिल रहे। पीडीए की प्रवर्तन टीम ने अलग-अलग स्थानों पर पहुंचकर निर्माण हटवाए। यह अभियान धूमनगंज और एयरपोर्ट थाना क्षेत्रों में चलाया गया। पूरी कार्रवाई जोनल अधिकारी सूरज पटेल के नेतृत्व में की गई। मौके पर प्राधिकरण के अधिकारी, कर्मचारी और पर्याप्त पुलिस बल मौजूद रहा।

अभियान की शुरुआत धूमनगंज के शद्दाब चौराहा स्थित कालिंदीपुरम क्षेत्र से हुई। यहां प्राधिकरण की जमीन पर बनाए गए एक रियल एस्टेट कार्यालय को ध्वस्त कराया गया। यह कार्यालय खालिद जफर की ओर से प्राधिकरण की 200 वर्गमीटर से अधिक भूमि पर बनाया गया था। खालिद जफर को माफिया अतीक अहमद का करीबी बताया गया है। वह उमेश पाल हत्याकांड में वांछित भी बताया गया है। प्राधिकरण की ओर से संबंधित भूमि की कीमत दो करोड़ रुपये से अधिक बताई गई है। कार्रवाई के दौरान कार्यालय के निर्माण को बुलडोजर से गिराया गया। इस कार्रवाई में प्राधिकरण की भूमि पर किए गए निर्माण को हटाने पर विशेष जोर रहा।

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कालिंदीपुरम में कार्रवाई के बाद पीडीए की टीम एयरपोर्ट थाना क्षेत्र के भीटी असदुल्लापुर और शाह उर्फ पीपलगांव पहुंची। यहां खालिद जफर की ओर से करीब आठ बीघा भूमि पर अवैध प्लॉटिंग विकसित की जा रही थी। प्राधिकरण की टीम ने मौके पर पहुंचकर कॉलोनी के लिए किए गए निर्माणों को ध्वस्त कराया। कार्रवाई में प्लॉटिंग के लिए बनाई गई सड़कें और अन्य निर्माण शामिल रहे। प्राधिकरण ने अवैध रूप से विकसित की जा रही कॉलोनी के ढांचे को हटवाया।

इसी क्षेत्र में पीडीए की टीम ने दूसरी कार्रवाई करते हुए डॉ. कमरान, इमरान, जिशान उर्फ जानू और मो. नूह की ओर से करीब 10 बीघा भूमि पर की गई प्लॉटिंग को ध्वस्त कराया। यहां भी जमीन को कॉलोनी के रूप में विकसित करने के लिए निर्माण कार्य किए गए थे। प्रवर्तन टीम ने बुलडोजर की मदद से इन निर्माणों को हटवाया। पीपलगांव क्षेत्र में हुई इन दोनों कार्रवाइयों में कुल करीब 18 बीघा भूमि पर विकसित की जा रही प्लॉटिंग प्रभावित हुई।

पीडीए का अभियान इसके बाद यूनाइटेड मेड सिटी के सामने स्थित रावतपुर क्षेत्र पहुंचा। यहां फैज, मकसूद और मकबूल की ओर से करीब आठ बीघा भूमि पर विकसित की जा रही अवैध प्लॉटिंग को ध्वस्त कराया गया। प्रवर्तन टीम ने मौके पर पहुंचकर प्लॉटिंग के लिए किए गए निर्माणों को हटाया। इस कार्रवाई के साथ शुक्रवार को अलग-अलग स्थानों पर ध्वस्त कराई गई अवैध प्लॉटिंग का कुल क्षेत्रफल करीब 26 बीघा हो गया।

पूरे अभियान का नेतृत्व पीडीए के जोनल अधिकारी सूरज पटेल ने किया। कार्रवाई में अवर अभियंता ई. विनोद कुमार गुप्ता, प्राधिकरण के लेखपाल, सुपरवाइजर और प्रवर्तन टीम के सदस्य शामिल रहे। अभियान के दौरान पर्याप्त पुलिस बल भी तैनात किया गया था, जिससे ध्वस्तीकरण की कार्रवाई पूरी कराई जा सके। पीडीए की टीम ने धूमनगंज और एयरपोर्ट थाना क्षेत्र के विभिन्न स्थानों पर पहुंचकर अवैध प्लॉटिंग और प्राधिकरण की जमीन पर बने कार्यालय के निर्माण को हटाया।