समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल ने शुक्रवार को मेरठ में आयोजित पत्रकार वार्ता के दौरान बेरोजगारी, पीडीए वर्ग तथा आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर अपनी पार्टी का पक्ष रखा। उन्होंने बेरोजगारों को ‘कॉकरोच’ कहकर संबोधित किए जाने को अपमानजनक बताया और कहा कि युवा रोजगार और सम्मान चाहते हैं। जेल रोड स्थित पार्टी कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता में श्याम लाल पाल ने कहा कि देश के बेरोजगार युवाओं को इस तरह संबोधित करना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि बेरोजगारी एक गंभीर विषय है और इससे जुड़े लोगों की भावनाओं का सम्मान किया जाना चाहिए।
सपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि प्रदेश और देश का युवा रोजगार की तलाश में है। उनके अनुसार युवा वर्ग सम्मानजनक अवसरों और रोजगार की अपेक्षा करता है। उन्होंने कहा कि बेरोजगारी का मुद्दा आने वाले समय में भी महत्वपूर्ण राजनीतिक और सामाजिक विषय बना रहेगा।
पत्रकार वार्ता के दौरान श्याम लाल पाल ने वर्ष 2027 में होने वाले उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव का भी उल्लेख किया। उन्होंने दावा किया कि बेरोजगार, किसान, महिलाएं और कामगार मिलकर सत्ता परिवर्तन का रास्ता तैयार करेंगे और समाजवादी पार्टी को समर्थन देंगे। हालांकि यह समाजवादी पार्टी का राजनीतिक दावा है, जिसकी पुष्टि चुनावी नतीजों के बाद ही संभव होगी।
कॉकरोच जनता पार्टी के आंदोलन को समर्थन देने के सवाल पर श्याम लाल पाल ने कहा कि बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर के संविधान को बचाने के लिए जो भी लोग कार्य कर रहे हैं, समाजवादी पार्टी उनके साथ खड़ी है। उन्होंने कहा कि संविधान की रक्षा लोकतांत्रिक व्यवस्था की मजबूती के लिए आवश्यक है और इस विषय पर विभिन्न सामाजिक एवं राजनीतिक संगठनों की भूमिका महत्वपूर्ण है।
पत्रकार वार्ता में श्याम लाल पाल ने भाजपा सरकार पर पीडीए वर्ग को निशाना बनाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि दलित, पिछड़े और अल्पसंख्यक समुदायों के लोगों के साथ अन्याय और अत्याचार की घटनाएं बढ़ रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि इन वर्गों से जुड़े मुद्दों पर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया जा रहा है। हालांकि सरकार की ओर से इस संबंध में कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
उत्तर प्रदेश में आगामी चुनावों को लेकर राजनीतिक दल लगातार सक्रिय हैं। ऐसे में विभिन्न दलों के नेताओं द्वारा बेरोजगारी, सामाजिक न्याय और संविधान जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाया जा रहा है। मेरठ में श्याम लाल पाल की प्रेस वार्ता भी इसी क्रम में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।