>उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्णा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में राज्य की कानून-व्यवस्था, पुलिस ट्रेनिंग, साइबर अपराध नियंत्रण और विभिन्न अभियानों की प्रगति से जुड़े आंकड़े साझा किए। उन्होंने प्रशिक्षण में “बेस्ट पर्सन फॉर द बेस्ट जॉब” के सिद्धांत और जीरो टॉलरेंस नीति के 100 प्रतिशत अनुपालन पर जोर दिया।
>डीजीपी ने बताया कि दुर्दांत अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई में अब तक करीब 60 लाख गिरफ्तारियां हुई हैं, जबकि एक वर्ष में पुलिस मुठभेड़ में 48 अपराधी मारे गए। ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत 1 जुलाई से अब तक 1,25,985 मामलों में कार्रवाई की गई और दोषसिद्धि दर 87 प्रतिशत रही। एनसीआरबी आंकड़ों में राज्य देश में तीसरे स्थान पर है, जबकि डकैती में न्यूनतम और लूट में 26 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई।
>साइबर अपराध के बढ़ते मामलों को देखते हुए 75 साइबर थाने स्थापित किए गए हैं। साइबर मामलों में 325.05 करोड़ रुपये की राशि फ्रीज कराई गई, जबकि 2025 में 77,621 मोबाइल नंबरों पर कार्रवाई कर 17 हजार से अधिक मोबाइल बंद कराए गए।
>महिला सुरक्षा के तहत सभी थानों पर मिशन शक्ति केंद्र बनाए गए हैं। तीन महीनों में महिला अपराध में 33 प्रतिशत, बलात्कार में बच्चों के मामलों में 17 प्रतिशत और दहेज हत्या में 13 प्रतिशत की कमी बताई गई। प्रेस कॉन्फ्रेंस में डीजीपी ने बताया कि प्रशिक्षण को हाई-टेक बनाया जा रहा है और नए पुलिसकर्मी आधुनिक सुविधाओं के साथ प्रशिक्षित होकर सेवा में आएंगे।