यूपी में जापानी निवेश की तैयारी तेज, एक माह में दूसरी बार आएगा निवेशक दल

16 Sep 2026

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में जापानी निवेश को लेकर गतिविधियां लगातार आगे बढ़ रही हैं। जापानी निवेशकों का एक दल औद्योगिक निवेश की संभावनाओं को देखने के लिए एक माह के भीतर दूसरी बार उत्तर प्रदेश का दौरा करने की तैयारी में है। यह दौरा ग्रेटर नोएडा में 25 से 29 सितंबर के बीच प्रस्तावित उत्तर प्रदेश अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेले के समापन के बाद होने की तैयारी है। इससे पहले 18 से 23 अगस्त के बीच 100 से अधिक जापानी निवेशकों का प्रतिनिधिमंडल उत्तर प्रदेश आया था। उस दौरे के दौरान निवेशकों को राज्य में उपलब्ध औद्योगिक और कारोबारी संभावनाओं से अवगत कराया गया था। निवेशकों के कार्यक्रम में नई दिल्ली, नोएडा, लखनऊ और वाराणसी सहित विभिन्न स्थान शामिल रहे।

उत्तर प्रदेश में जापानी निवेशकों के दोबारा प्रस्तावित दौरे को राज्य और जापान के बीच निवेश संपर्क के अगले चरण के तौर पर देखा जा रहा है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, अगस्त में हुए दौरे के दौरान जापानी निवेशकों ने विभिन्न क्षेत्रों में निवेश की संभावनाओं को समझने के लिए संबंधित स्थानों और परियोजनाओं का जायजा लिया था। निवेशकों को राज्य सरकार की ओर से निवेश प्रोत्साहन से जुड़ी योजनाओं और सुविधाओं की जानकारी भी दी गई। इसके बाद अब व्यापार मेले के समापन के बाद जापानी निवेशकों के एक और दल के उत्तर प्रदेश आने की तैयारी शुरू की गई है। इन्वेस्ट यूपी की आधिकारिक सामग्री के अनुसार, अगस्त 2026 में आयोजित यूपी-जापान निवेश कार्यक्रम में 200 से अधिक जापानी प्रतिनिधियों की भागीदारी रही थी। कार्यक्रम में विनिर्माण, प्रौद्योगिकी और रोजगार से जुड़े क्षेत्रों पर चर्चा हुई थी।

पिछले दौरे के दौरान जापानी निवेशकों ने उत्तर प्रदेश में कई क्षेत्रों में निवेश की संभावनाओं में रुचि दिखाई। इनमें ऑटोमोबाइल, पर्यटन, हरित ऊर्जा, सेमीकंडक्टर, ग्रीन हाइड्रोजन, इलेक्ट्रॉनिक्स, फार्मा और वैश्विक क्षमता केंद्र जैसे क्षेत्र शामिल हैं। इन क्षेत्रों में निवेश की संभावनाओं को देखते हुए राज्य सरकार की निवेश प्रोत्साहन योजनाओं के बारे में भी निवेशकों को जानकारी दी गई। प्रस्तावित अगले दौरे में इन्हीं क्षेत्रों से संबंधित निवेश संभावनाओं पर आगे की बातचीत होने की संभावना है। हालांकि, उपलब्ध जानकारी में आगामी दौरे के दौरान होने वाले किसी विशेष निवेश समझौते या उसकी राशि की आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है। इसलिए संभावित करारों को लेकर अंतिम जानकारी संबंधित घोषणाओं के बाद ही स्पष्ट होगी।

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जापानी निवेशकों के साथ उत्तर प्रदेश के संपर्क को मजबूत करने की प्रक्रिया में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का फरवरी 2026 का सिंगापुर और जापान दौरा भी महत्वपूर्ण रहा। इन्वेस्ट यूपी के अनुसार मुख्यमंत्री ने 22 से 27 फरवरी के दौरान सिंगापुर और जापान की यात्रा की थी और निवेश तथा विनिर्माण को बढ़ावा देने के लिए कारोबारी प्रतिनिधियों के साथ बैठकें की थीं। दौरे के दौरान जापानी कंपनियों के साथ निवेश और औद्योगिक सहयोग पर चर्चा हुई। इन्वेस्ट यूपी के अनुसार जापान से करीब ₹90,000 करोड़ के निवेश समझौते हुए थे, जबकि सिंगापुर और जापान की संयुक्त यात्रा से कुल ₹1.5 लाख करोड़ के निवेश समझौते हुए। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक मुख्यमंत्री ने जापानी निवेशकों को उत्तर प्रदेश में निवेश के लिए आमंत्रित किया था और राज्य में विदेशी निवेशकों को उपलब्ध सुविधाओं तथा निवेश प्रोत्साहन व्यवस्था की जानकारी दी थी।

उत्तर प्रदेश और जापान के बीच निवेश संबंध केवल पारंपरिक विनिर्माण तक सीमित नहीं हैं। हाल के निवेश कार्यक्रमों में सेमीकंडक्टर, हरित हाइड्रोजन, खाद्य प्रसंस्करण, पर्यटन, इलेक्ट्रॉनिक्स और तकनीकी क्षेत्रों में सहयोग पर भी चर्चा हुई है। इन्वेस्ट यूपी के अगस्त के रिकॉर्ड में जापान के साथ खाद्य प्रसंस्करण, सेमीकंडक्टर और पर्यटन के क्षेत्र में सहयोग से जुड़ी चर्चाओं का उल्लेख है। इसी दौरान जापान के यामानाशी प्रांत के साथ हरित हाइड्रोजन सहित विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग की जानकारी भी सामने आई थी। इसके अलावा यामानाशी की ओर से उत्तर प्रदेश के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों के लिए ₹600 करोड़ के फंड की घोषणा और जापान के लिए समर्पित निवेश डेस्क की घोषणा भी अगस्त में हुई थी।

उत्तर प्रदेश में सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण को लेकर भी जापानी निवेशकों की रुचि दर्ज की गई है। अगस्त में जापानी प्रतिनिधिमंडल के साथ हुई गतिविधियों में सेमीकंडक्टर क्षेत्र की संभावनाओं पर चर्चा हुई थी। इन्वेस्ट यूपी के रिकॉर्ड में जापानी टीम के उत्तर प्रदेश में सेमीकंडक्टर अवसरों का अध्ययन करने का उल्लेख है। राज्य में इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण और तकनीकी उद्योगों के लिए निवेश वातावरण विकसित करने पर भी जोर दिया जा रहा है। ऐसे में आगामी जापानी निवेशक दौरे में इन क्षेत्रों से संबंधित परियोजनाओं पर बातचीत महत्वपूर्ण विषयों में शामिल हो सकती है।

पिछले प्रतिनिधिमंडल के कार्यक्रम में निवेशकों को उत्तर प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में निवेश की संभावनाओं से परिचित कराया गया। नई दिल्ली, नोएडा, लखनऊ और वाराणसी जैसे स्थानों का दौरा इसी प्रक्रिया का हिस्सा रहा। नोएडा और ग्रेटर नोएडा क्षेत्र में इलेक्ट्रॉनिक्स, सेमीकंडक्टर, ऑटोमोबाइल और आधुनिक विनिर्माण से जुड़ी संभावनाएं हैं, जबकि लखनऊ और अन्य शहरों में सेवा क्षेत्र, तकनीकी उद्योग और वैश्विक क्षमता केंद्र जैसे क्षेत्रों पर ध्यान दिया जा रहा है। वाराणसी सहित अन्य क्षेत्रों में पर्यटन और स्थानीय आर्थिक गतिविधियों से जुड़े निवेश अवसरों को भी निवेशकों के सामने रखा गया।

ग्रेटर नोएडा में 25 से 29 सितंबर के बीच उत्तर प्रदेश अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेले का आयोजन प्रस्तावित है। इसके समापन के बाद जापानी निवेशकों के नए दल के उत्तर प्रदेश दौरे की तैयारी की जा रही है। इस प्रस्तावित दौरे का उद्देश्य राज्य में निवेश के लिए उपलब्ध अवसरों और विभिन्न औद्योगिक क्षेत्रों की संभावनाओं को आगे बढ़ाना है। पिछले दौरे में निवेशकों ने जिन क्षेत्रों में रुचि दिखाई थी, उनमें आगे की बातचीत और परियोजनाओं से संबंधित चर्चा होने की संभावना है। आगामी दौरे के दौरान यदि निवेश समझौते होते हैं तो उनकी शर्तों, निवेश राशि, परियोजना स्थान और रोजगार से जुड़े विवरण संबंधित आधिकारिक घोषणाओं के बाद ही स्पष्ट होंगे।