जनता की राय से बन रहा विकसित यूपी 2047 विकास का खाका

19 Sep 2025


>त्तर प्रदेश को वर्ष 2047 तक विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल करने के लिए योगी सरकार का ‘समर्थ उत्तर प्रदेश – विकसित उत्तर प्रदेश 2047’ अभियान जनभागीदारी के नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है। अब तक ढाई लाख से अधिक नागरिक अपने सुझाव देकर इस महत्वाकांक्षी विजन डॉक्युमेंट का हिस्सा बन चुके हैं। खास बात यह है कि इनमें 1.85 लाख से अधिक सुझाव ग्रामीण इलाकों से और 70 हजार से ज्यादा नगरीय क्षेत्रों से आए हैं।


>जनता के सुझावों में शिक्षा सबसे अहम विषय बनकर उभरा है। अकेले शिक्षा क्षेत्र से जुड़े 90 हजार से ज्यादा सुझाव दर्ज किए गए हैं। इसके अलावा नगरीय व ग्रामीण विकास पर 50 हजार, कृषि पर 45 हजार, स्वास्थ्य और समाज कल्याण पर 20-20 हजार तथा पर्यटन पर 5 हजार से अधिक फीडबैक मिले हैं।


>लखनऊ की पुष्पा शुक्ला ने लड़कियों की शिक्षा और रोजगार से जुड़ा सतत कार्यक्रम चलाने का सुझाव दिया, वहीं बांदा के योगेश मिश्रा ने उभरती तकनीकों व आईटी सेक्टर के अवसरों को टियर-2 शहरों तक विस्तार देने की मांग की। जालौन के यश तिवारी ने अपने जिले में उच्च शिक्षा संस्थानों की संख्या और गुणवत्ता बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया।


>मेरठ, मुजफ्फरनगर, सहारनपुर, शाहजहांपुर, एटा, हरदोई, मैनपुरी और कानपुर देहात जैसे जिलों से सर्वाधिक 90 हजार से अधिक फीडबैक मिले हैं। यह दर्शाता है कि गांव से लेकर शहर तक हर वर्ग इस अभियान को गंभीरता से ले रहा है और अपने विजन से यूपी का भविष्य गढ़ रहा है।


>मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के संकल्प ‘विकसित उत्तर प्रदेश 2047’ को साकार करने के लिए प्रदेशभर में 5 सितम्बर से 5 अक्टूबर 2025 तक विशेष अभियान चलाया जा रहा है। नागरिक अपने सुझाव https://samarthuttarpradesh.up.gov.in पोर्टल पर दर्ज कर सकते हैं। उत्कृष्ट विचारों को विजन डॉक्युमेंट का हिस्सा बनाया जाएगा और प्रतिभागियों को सम्मानित भी किया जाएगा।