50 घरों तक पहुंची स्वास्थ्य टीम, दाऊदनगर में कैंप और एंबुलेंस सेवा शुरू

30 Sep 2026

लखनऊ, 30 सितंबर 2026। लखनऊ के दाऊदनगर क्षेत्र में बुधवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने क्षेत्र का निरीक्षण किया। इस दौरान स्थानीय लोगों को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए अस्थायी बाढ़ राहत चिकित्सा कैंप स्थापित किया गया। इसके साथ ही क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता बनाए रखने के लिए एंबुलेंस की व्यवस्था भी की गई है।

स्वास्थ्य विभाग की ओर से क्षेत्र में केवल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने तक सीमित गतिविधियां नहीं की गईं, बल्कि आसपास के इलाकों में घर-घर स्वास्थ्य सर्वेक्षण भी किया गया। इस दौरान स्वास्थ्य टीम ने लोगों को आवश्यक दवाएं उपलब्ध कराईं और मौसमी तथा मच्छर जनित बीमारियों से बचाव के उपायों के बारे में जानकारी दी।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एन.बी. सिंह के निर्देश के क्रम में बुधवार को अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. बी.एन. यादव ने दाऊदनगर क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान क्षेत्र में बाढ़ राहत चिकित्सा कैंप स्थापित किया गया। इस कैंप के माध्यम से स्थानीय लोगों को बाह्य रोगी विभाग यानी ओपीडी की चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। कैंप का उद्देश्य क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता बनाए रखना है, ताकि स्थानीय लोगों को स्वास्थ्य संबंधी आवश्यकता होने पर चिकित्सा सुविधा मिल सके।

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स्वास्थ्य विभाग ने दाऊदनगर क्षेत्र में आपात स्थिति में चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने के लिए एंबुलेंस की ड्यूटी भी निर्धारित की है। जानकारी के अनुसार, सुबह 8 बजे से शाम 8 बजे तक मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय की एंबुलेंस क्षेत्र में उपलब्ध रहेगी। इसके बाद रात 8 बजे से अगले दिन सुबह 8 बजे तक एंबुलेंस 108 की ड्यूटी लगाई गई है। इस व्यवस्था के तहत क्षेत्र में लगातार एंबुलेंस सेवा उपलब्ध रखने की योजना बनाई गई है, जिससे जरूरत पड़ने पर लोगों को स्वास्थ्य सहायता उपलब्ध कराई जा सके।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी के निर्देश के क्रम में नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र फैजुल्लागंज की प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. आसमा के नेतृत्व में स्वास्थ्य टीम ने क्षेत्र में घर-घर सर्वेक्षण किया। क्षेत्रीय आशा कार्यकर्ता और एएनएम की टीम ने फैजुल्लागंज क्षेत्र की कृष्ण लोक कॉलोनी और लोहरामऊ में कुल 50 घरों का स्वास्थ्य सर्वेक्षण किया। सर्वेक्षण के दौरान टीम ने लोगों की स्वास्थ्य संबंधी आवश्यकताओं की जानकारी ली और आवश्यक स्वास्थ्य सामग्री भी वितरित की।

स्वास्थ्य सर्वेक्षण के दौरान लोगों को आवश्यक दवाएं उपलब्ध कराई गईं। इसके अलावा क्लोरीन की गोलियां और ओआरएस पैकेट भी वितरित किए गए। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने लोगों को मौसमी बीमारियों और मच्छर जनित बीमारियों से बचाव के उपायों के बारे में स्वास्थ्य शिक्षा दी। लोगों को घर और आसपास साफ-सफाई बनाए रखने तथा पानी जमा नहीं होने देने की सलाह दी गई।

स्वास्थ्य विभाग की ओर से लोगों को मच्छरों के प्रजनन को रोकने के लिए कई उपाय बताए गए हैं। लोगों से कहा गया है कि घर के आसपास पानी जमा न होने दें। पानी से भरे बर्तन और टंकियों को ढककर रखने की सलाह दी गई है। कूलर के पानी को प्रत्येक सप्ताह खाली कर उसे साफ कपड़े से पोंछकर सुखाने और सफाई के बाद ही दोबारा इस्तेमाल करने को कहा गया है। वाटर टैंक और अन्य पानी रखने वाले कंटेनरों को ढककर रखने तथा घर के अंदर और आसपास पानी जमा नहीं होने देने की सलाह दी गई। इसके अलावा अनावश्यक कंटेनर, कबाड़, पुराने टायर और नारियल के खोल में पानी जमा नहीं होने देने तथा ऐसी वस्तुओं का उचित निस्तारण करने को कहा गया है। बर्ड बाथ और फूलदान में भी प्रत्येक सप्ताह पानी बदलने की सलाह दी गई है।

स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को मच्छरों से स्वयं बचाव करने के उपाय भी बताए। लोगों से सोते समय मच्छरदानी का इस्तेमाल करने और पूरी बांह के कपड़े पहनने की सलाह दी गई। मच्छर रोधी क्रीम के इस्तेमाल की भी जानकारी दी गई। दिन के समय मच्छरों के काटने से बचने के लिए पूरी बांह के कपड़े पहनने की सलाह दी गई है। बच्चों को भी मच्छरों से बचाव के लिए आवश्यक सावधानी बरतने को कहा गया है। स्वास्थ्य विभाग ने बुखार होने की स्थिति में चिकित्सक की सलाह के अनुसार ही दवा लेने की बात कही है।

स्वास्थ्य विभाग ने घर और आसपास के उन स्थानों पर विशेष ध्यान देने को कहा है जहां पानी जमा हो सकता है। कूलर, बाल्टी, बैरल, फूलदान, बर्ड बाथ, फ्रिज, टायर और नारियल के खोल में पानी जमा न होने देने की सलाह दी गई है। इसके अलावा टूटे बर्तन, अनुपयोगी बोतल, टिन, पुराने टायर और कबाड़ को घर में जमा न करने तथा घर के आसपास नहीं फेंकने को कहा गया है। ऐसी वस्तुओं का उचित निस्तारण करने की सलाह दी गई है, ताकि इनमें पानी जमा होकर मच्छरों के प्रजनन की स्थिति न बने।

स्वास्थ्य विभाग की ओर से लोगों को बुखार होने पर स्वयं दवा नहीं लेने की सलाह दी गई है। विभाग के अनुसार, चिकित्सक के परामर्श के बाद ही दवा का उपयोग किया जाना चाहिए। मौसमी बीमारियों से संबंधित जानकारी, सहयोग और सहायता के लिए मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय लखनऊ के कंट्रोल रूम से संपर्क किया जा सकता है। मौसमी बीमारियों से जुड़ी जानकारी और सहायता के लिए मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय लखनऊ के कंट्रोल रूम नंबर 0522-2622080 पर संपर्क किया जा सकता है।